जाते-जाते कुमारस्वामी ने भूमिहीन मजदूरों को दिया बड़ा ‘तोहफा’।

एचडी कुमारस्वामी (HD Kumaraswamy) ने कर्नाटक के मुख्यमंत्री के रूप में अपने अंतिम आदेश में राज्य के भूमिहीन मजदूरों द्वारा लिए गए ऋणों को माफ कर दिया।

0
230

Karnataka: कर्नाटक में 14 महीने तक मुख्यमंत्री की कुर्सी संभालने वाले एचडी कुमारस्वामी (HD Kumaraswamy) की बहुमत परीक्षण में विफल होने के साथ ही मंगलवार को विदाई हो गई। मगर मुख्यमंत्री की कुर्सी छोड़ते-छोड़ते कुमारस्वामी ने अपने आखिरी फैसले में उस मसले पर हस्ताक्षर किया, जिसका वादा वह कर्नाटक की जनता से कर चुके थे। मंगलवार को विश्वास मत में हारने से पहले कुमारस्वामी ने अपने वादे को पूरा करने के लिए एक आखिरी फैसला लिया और वह फैसला था राज्य के भूमिहीन मजदूरों की कर्जमाफी का।

एचडी कुमारस्वामी (HD Kumaraswamy) ने कर्नाटक के मुख्यमंत्री के रूप में अपने अंतिम आदेश में राज्य के भूमिहीन मजदूरों द्वारा लिए गए ऋणों को माफ (Loan exemption) कर दिया। बता दें कि ये भूमिहीन मजदूर वे हैं, जिनकी दो हेक्टेयर से कम भूमि या आय एक लाख रुपये से कम है। कुमारस्वामी ने बुधवार को खुलासा किया कि उन्होंने 4 दिनों तक चले अविश्वास प्रस्ताव की कार्यवाही के बाद राज्य विधानसभा में अपनी सरकार के 6 मतों से गिरने से कुछ घंटे पहले मंगलवार को इस अंतिम आदेश पर उन्होंने हस्ताक्षर किया।

कुमारस्वामी (HD Kumaraswamy) को राज्यपाल द्वारा एक कार्यवाहक मुख्यमंत्री के रूप में जारी रखने के लिए कहा गया है जब तक कि एक नई सरकार शपथ नहीं ले लेती। ऐसी स्थिति में कुमारस्वामी कोई भी नीतिगत फैसले नहीं ले सकते हैं। यही वजह है कि सरकार गिरने से महज कुछ घंटे पहले ही कुमारस्वामी ने यह फैसला ले लिया।

सरकार गिरने के एक दिन बाद बेंगलुरु में मीडिया को संबोधित करते हुए कुमारस्वामी ने संतोष व्यक्त किया कि वह अपने बिदाई शॉट के साथ स्कोर करने में कामयाब रहे। कुमारस्वामी ने कहा कि यह उपाय एक बार की राहत के रूप में लिया गया था, जो आदेश की तारीख से एक वर्ष की अवधि के लिए है।

कुमारस्वामी (HD Kumaraswamy) ने कहा कि ‘मैं संतुष्ट हूं कि मैंने यह लाया। यह उन लोगों पर लागू होगा जिन्होंने इस अधिनियम के आने से पहले ऋण लिया था। यह लोगों के जीवन को बेहतर बनाने का एक अवसर है। यह अधिनियम एक वर्ष तक रहता है और उस समय के भीतर ऋणों का विवरण प्रस्तुत करना होता है।’ कुमारस्वामी ने नौकरशाहों का धन्यवाद करते हुए कहा कि ‘उनकी सरकार को अस्थिर करने का निरंतर प्रयास के बावजूद भी उनकी मदद से सरकार ने कम से कम 14 महीनों में कुछ महत्वपूर्ण कल्याणकारी योजनाओं को लागू करना संभव बनाया।’

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here