महाभियोग जांच की रिपोर्ट में डोनाल्‍ड ट्रंप दोषी करार, राष्ट्रहित से किया समझौता

डोनाल्‍ड ट्रंप को अपने व्‍यक्तिगत और राजनीतिक उद्देश्‍यों के लिए देश के हित से समझौता करने और अपने ऑफिस की शक्तियों का गलत इस्तेमाल करने का दोषी करार दिया गया है।

0
827

राष्ट्रपति डोनाल्‍ड ट्रंप (Donald Trump) के खिलाफ चल रही महाभियोग जांच की प्राथमिक रिपोर्ट जारी हो गई है। डेमोक्रेटिक पार्टी (Democratic Party) के बहुमत वाली अमेरिकी सदन की न्यायिक समिति ने बुधवार सुबह रिपोर्ट जारी किया। इस रिपोर्ट में डोनाल्‍ड ट्रंप को अपने व्‍यक्तिगत और राजनीतिक उद्देश्‍यों के लिए देश के हित से समझौता करने और अपने ऑफिस की शक्तियों का गलत इस्तेमाल करते हुए आगामी राष्‍ट्रपति चुनाव में अपने पक्ष में विदेशी मदद मांगने का दोषी करार दिया गया है। दूसरी ओर, व्हाइट हाउस (White House) के प्रवक्‍ता ने इस रिपोर्ट की आलोचना करते हुए इसे एकतरफा झूठी कार्रवाई करार दिया है।

300 पेज की इस जांच रिपोर्ट में कहा गया है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्‍ड ट्रंप (Donald Trump) ने यूक्रेन को पूर्व उपराष्ट्रपति जो बिडेन और उनके बेटे से जुड़ी कंपनियों के खिलाफ अपने यहां जांच शुरू करने की घोषणा देने के लिए कई प्रस्ताव दिए थे। ट्रंप को दोबारा राष्‍ट्रपति बनाने के अभियान में इस मदद के लिए यूक्रेन के राष्ट्रपति को सैन्य मदद देने का वादा किया गया था। ट्रंप और यूक्रेन के राष्ट्रपति के बीच फोन पर बातचीच होने की भी पुष्टि की गई है।

तीन सौ पन्नों की इस रिपोर्ट में दावा किया गया है कि अमेरिकी इतिहास में ट्रंप (Donald Trump) को छोड़कर किसी भी राष्ट्रपति ने एक्जीक्यूटिव अधिकारियों को संसद के सामने गवाही नहीं देने का सीधा आदेश नहीं दिया है। रिपोर्ट के मुताबिक डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने संसदीय गवाहों को सार्वजनिक रूप से धमकी दी, जो संघीय अपराध है। रिपोर्ट में ट्रंप पर महाभियोग जांच को बाधित करने के प्रयास का आरोप भी लगाया गया है। रिपोर्ट में जांच को आगे भी जारी रखने के लिए सिफारिश की गई है।

बता दें कि डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) पर आरोप है कि उन्होंने 2020 के राष्ट्रपति चुनाव में संभावित प्रतिद्वंद्वी जो बिडेन समेत अपने घरेलू प्रतिद्वंद्वियों की छवि खराब करने के लिए यूक्रेन से गैरकानूनी तौर पर मदद मांगी। हाउस ज्युडिशियरी कमेटी बुधवार को इस पर सुनवाई शुरू करेगी कि क्या जांच में शामिल किए गए सबूत ‘राजद्रोह, घूस या अन्य अपराधों और खराब आचरण’ के आधार पर संवैधानिक रूप से महाभियोग चलाने के मानकों को पूरा करते हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here