मुरादनगर हादसाः सीएम योगी बोले- नुकसान की भरपाई इंजीनियर-ठेकेदार से होगी, दोषियों पर लगेगी रासुका

सीएम योगी ने कड़ा कदम उठाते हुए कहा है कि घटना के नुकसान की पूरी भरपाई इंजीनियर और ठेकेदार से की जाएगी। दोषियों पर रासुका लगाई जाएगी।

0
2966

मुरादनगर में रविवार को श्मशान घाट में हुए भयावह हादसे में 24 लोगों की जान चली गई। अब इस मामले में सीएम योगी ने कड़ा कदम उठाते हुए कहा है कि घटना के नुकसान की पूरी भरपाई इंजीनियर और ठेकेदार से की जाएगी। दोषियों पर रासुका लगाई जाएगी।

मुरादनगर श्मशान घाट के गलियारे की छत गिरने से 24 लोगों की मौत के मामले में पुलिस ने मुरादनगर पालिका की अधिशासी अधिकारी (ईओ) निहारिका सिंह, अवर अभियंता चंद्रपाल और सुपरवाइजर आशीष को सोमवार सुबह गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों को जेल भेज दिया गया।

श्मशान घाट में 55 लाख रुपये से घटिया सामग्री लगाकर निर्माण करने वालों के खिलाफ कमिश्नर और आईजी ने रविवार की रात में ही एफआईआर दर्ज करा दी थी। मुख्य आरोपी ठेकेदार अजय त्यागी को भी पुलिस ने रात में गिरफ्तार कर लिया है।

इससे पहले दिन में पुलिस ने उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया था। उधर मृतकों के परिजनों ने मुआवजे और आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर दिल्ली-मेरठ हाईवे को सुबह 8.30 से शाम साढ़े चार बजे तक जाम किए रखा। कमिश्नर और आईजी ने मृतकों के परिजनों को दस-दस लाख का मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को योग्यतानुसार नौकरी, कांशीराम आवास योजना में घर, बच्चों की मुफ्त पढ़ाई और घायलों के उपचार का लिखित आश्वासन दिया, जिसके बाद ही लोग हाईवे से हटे। 

यह हादसा श्मशान घाट के गलियारे की छत गिरने से हुआ, जो हाल ही में 55 लाख की लागत से बनाया गया था। इसलिए रविवार को ही नगर पालिका मुरादनगर की ईओ, जेई ,सुपरवाइजर और ठेकेदार के  खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया गया था। एसएसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि सोमवार को  पुलिस ने ईओ, जेई व सुपरवाइजर को गिरफ्तार कर जिला अस्पताल में मेडिकल परीक्षण कराया। तीनों को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रत्नेश दीप कमल आनंद की कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। राजगनर में रहने वाला आरोपी ठेकेदार अजय त्यागी को भी रात में गिरफ्तार कर लिया गया है।

24 लोगों की मौत से गुस्साए लोगों ने सुबह करीब साढ़े आठ बजे मुरादनगर में छह शवों को रखकर दिल्ली-मेरठ हाईवे पर जाम लगा दिया। ग्रामीण पीड़ित परिजनों को आर्थिक मदद व आरोपियों के खिलाफ की मांग पर अड़ गए। देर शाम कमिश्नर अनीता सी मेश्राम व आईजी प्रवीण कुमार ने 10 लाख की आर्थिक मदद, परिजन को योग्यता अनुसार नौकरी, बच्चों की मुफ्त पढ़ाई व घायलों को मुआवजे का लिखित आश्वासन दिया, जिसके बाद शाम करीब साढ़े चार बजे ग्रामीणों ने जाम खोला।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here